पान मसाला विज्ञापन पर मुकेश खन्ना का तंज- ‘केसरिया आदाब’ करने वालों को मांगनी चाहिए सार्वजनिक माफी

मुंबई। ‘शक्तिमान’ और ‘महाभारत’ में भीष्म पितामह की भूमिका निभाने वाले अभिनेता मुकेश खन्ना ने पान मसाला के कथित सरोगेट विज्ञापन को लेकर शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ पर निशाना साधा है। महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) की ओर से तीनों कलाकारों को भेजे गए कारण बताओ नोटिस का समर्थन करते हुए उन्होंने कहा कि कलाकारों को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।
मुकेश खन्ना ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर करते हुए कहा कि FDA ने उन तीन बड़े कलाकारों को नोटिस भेजा है, जो विज्ञापन में ‘केसरिया आदाब’ करते नजर आते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि केसरिया शौर्य, साहस और पराक्रम का प्रतीक है, इसे गुटखा खाने के इशारे के तौर पर इस्तेमाल करना शर्मनाक है।
उन्होंने कहा कि कलाकारों की समाज में बड़ी पहुंच होती है और वे युवाओं को बेहतर दिशा दे सकते हैं। ऐसे में उन्हें ऐसे विज्ञापनों से बचना चाहिए, जिनसे युवाओं पर गलत प्रभाव पड़े। मुकेश खन्ना ने कलाकारों से अपील की कि यदि उन्होंने गलत विज्ञापन किया है तो सार्वजनिक रूप से अपनी गलती स्वीकार करें और लोगों को सही संदेश दें।
FDA ने तीनों कलाकारों से मांगा जवाब
महाराष्ट्र FDA ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को 11 अगस्त को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। तीनों से 15 दिन के भीतर विज्ञापन में उनकी भूमिका को लेकर स्पष्टीकरण मांगा गया है। FDA का आरोप है कि ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन के जरिए राज्य में प्रतिबंधित ‘विमल पान मसाला’ का अप्रत्यक्ष प्रचार किया जा रहा है।
क्या है सरोगेट विज्ञापन?
सरोगेट विज्ञापन में किसी प्रतिबंधित या विवादित उत्पाद का सीधे प्रचार करने के बजाय उसी ब्रांड के दूसरे उत्पाद का विज्ञापन किया जाता है। यहां ‘इलायची’ के नाम से विज्ञापन होने के बावजूद FDA का कहना है कि ब्रांड की पहचान पान मसाला से जुड़ती है।
महाराष्ट्र में तंबाकू और निकोटिन वाले गुटखा-पान मसाला पर प्रतिबंध लागू है। FDA ने संगठित गुटखा नेटवर्क के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की बात भी कही है।
मुकेश खन्ना ने इससे पहले शिक्षा और राष्ट्रगीत से जुड़े मुद्दों पर भी अपनी राय रखी है। उन्होंने वंदे मातरम को लेकर अभियान चलाने की बात कही और जन गण मन को लेकर भी विवादित बयान दिया था।





