सेवा सेतु पोर्टल से बदली ग्रामीणों की जिंदगी: बलरामपुर के निर्दोष लकड़ा बने प्रदेश के टॉप VLE, 13,912 आवेदनों का किया निराकरण

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में डिजिटल सुशासन को मजबूत करने की दिशा में सेवा सेतु पोर्टल प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है।
इसी पहल के तहत बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के सेवा सेतु केंद्र में कार्यरत वीएलई (विलेज लेवल एंटरप्रेन्योर) निर्दोष लकड़ा ने वर्ष 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रदेश के टॉप ट्रांजैक्शन वीएलई बनने का गौरव हासिल किया है। उनकी इस उपलब्धि ने जिले को नई पहचान दिलाई है।
रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने निर्दोष लकड़ा को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। यह सम्मान सेवा सेतु पोर्टल के माध्यम से आम नागरिकों तक शासकीय सेवाएं सरल, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रदान किया गया।
वर्ष 2025-26 के दौरान निर्दोष लकड़ा ने सेवा सेतु पोर्टल पर 13,912 आवेदनों का सफल निराकरण किया। इस उपलब्धि के जरिए उन्होंने न केवल डिजिटल सेवाओं को गति दी, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी योजनाओं और प्रमाण-पत्रों की आसान उपलब्धता भी सुनिश्चित की।
सेवा सेतु पोर्टल के प्रभावी संचालन से अब जिले के ग्रामीणों को आय, जाति, निवास, जन्म और मृत्यु प्रमाण-पत्र जैसी आवश्यक सेवाओं के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ते। अधिकांश सेवाएं स्थानीय स्तर पर ही निर्धारित समय सीमा में उपलब्ध हो रही हैं, जिससे लोगों का समय और खर्च दोनों बच रहे हैं।
निर्दोष लकड़ा ने तकनीक का बेहतर उपयोग, कार्य के प्रति समर्पण और जनसेवा की भावना के साथ हजारों परिवारों तक सरकारी सुविधाएं पहुंचाई हैं। उनका सेवा केंद्र ग्रामीणों के लिए भरोसेमंद समाधान का केंद्र बन चुका है।
सम्मान मिलने पर उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य केवल ऑनलाइन आवेदन करना नहीं, बल्कि तकनीक के जरिए लोगों का जीवन आसान बनाना है।
बलरामपुर में सेवा सेतु पोर्टल की यह सफलता मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की डिजिटल सुशासन और जनसेवा की सोच को धरातल पर साकार करने का प्रभावी उदाहरण बन गई है।





