सूरजपुर में ग्रामीणों पर कार्रवाई से भड़कीं मंत्री राजवाड़े, पुलिस को लगाई फटकार

बोलीं- बिना ठोस सबूत किसी को जेल न भेजें, हिरासत में मारपीट भी न हो; सड़क हादसे के बाद चक्काजाम और आगजनी में 6 ग्रामीणों को भेजा गया जेल
सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर में सड़क हादसे के बाद ग्रामीणों पर हुई कार्रवाई को लेकर महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने पुलिस-प्रशासन को जमकर फटकार लगाई।
उन्होंने पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई करने और ग्रामीणों को फर्जी मामलों में फंसाने का आरोप लगाया। मंत्री ने साफ निर्देश दिए कि बिना ठोस सबूत किसी ग्रामीण को जेल न भेजा जाए और हिरासत में किसी के साथ मारपीट नहीं होनी चाहिए।
मंत्री राजवाड़े शनिवार, 17 अक्टूबर को सड़क हादसे में जान गंवाने वाली चंद्रावती जायसवाल के परिजनों से मिलने पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने परिवार को सांत्वना दी।
ग्रामीणों पर कार्रवाई की जानकारी मिलने पर उन्होंने पुलिस अधिकारियों से सवाल किया कि हादसा दोपहर 12 बजे हुआ और आगजनी शाम 6 बजे हुई, तो बीच के समय में पुलिस-प्रशासन क्या कर रहा था? उन्होंने कहा कि तीन दिन में छह ग्रामीणों को जेल भेज दिया गया, लेकिन अब तक क्रशर की वैधता की जांच नहीं हो सकी।
मंत्री ने हादसे के लिए जिम्मेदार ट्रैक्टर चालक पर कार्रवाई नहीं होने पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने सवाल उठाया कि कार्रवाई में भाजपा कार्यकर्ताओं को ही निशाना क्यों बनाया जा रहा है। घटना के दौरान कांग्रेस के एक नेता के हाथ में लाठी होने और लोगों को दौड़ाने की बात सामने आने पर उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं होने पर भी उन्होंने सवाल किए।
हादसे के बाद चक्काजाम, फिर हुई आगजनी
चांदनी बिहारपुर क्षेत्र की ग्राम पंचायत कुबेरपुर में 17 अक्टूबर को गिट्टी लोड ट्रैक्टर ने स्कूटी सवार चंद्रावती जायसवाल को टक्कर मार दी थी। हादसे में महिला की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद चालक वाहन समेत फरार हो गया।
आक्रोशित ग्रामीणों ने बस्ती से क्रशर हटाने और मृतका के परिवार को मुआवजा देने की मांग को लेकर मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ मार्ग पर करीब चार घंटे चक्काजाम किया। बाद में ट्रैक्टर और क्रशर में आग लगा दी गई।
मौके पर पहुंचे अधिकारियों को ग्रामीणों ने बंधक भी बना लिया था। समझाइश के बाद प्रदर्शन समाप्त कराया गया। घटना के बाद ग्रामीणों पर हुई कार्रवाई को लेकर अब मंत्री ने पुलिस को निष्पक्ष जांच और सख्ती से पहले ठोस सबूत जुटाने के निर्देश दिए हैं।





