देश में कहीं चक्रवात से भारी बारिश, कहीं बढ़ी ठंड; 19 राज्यों में अलर्ट

आंध्र प्रदेश-तेलंगाना में मुरासु का असर, ओडिशा और छत्तीसगढ़ में भी बारिश के आसार; दिल्ली-NCR में ठंड के साथ प्रदूषण बढ़ा
दिल्ली। देशभर में मौसम का मिजाज अलग-अलग नजर आ रहा है। दक्षिण और पूर्वी भारत में चक्रवात मुरासु के असर से भारी बारिश और तेज हवाओं का खतरा बना हुआ है, जबकि उत्तर भारत में बारिश थमने के बाद ठंड का एहसास बढ़ने लगा है। मौसम विभाग ने 3 नवंबर को देश के 19 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश की संभावना जताई है। आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, ओडिशा और छत्तीसगढ़ में चक्रवात का असर दिखाई दे सकता है।
दक्षिण और पूर्वी राज्यों में बारिश का दौर
आंध्र प्रदेश में मुरासु चक्रवात के कारण भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका है। तटीय इलाकों में 100 से 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। तेलंगाना में भी भारी बारिश का अलर्ट है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और केरल में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। ओडिशा के गंजाम, गजपति समेत दक्षिणी जिलों में भारी बारिश हो सकती है।
मध्य और पूर्वोत्तर भारत में भी बदलेगा मौसम
छत्तीसगढ़ और ओडिशा में मध्यम बारिश की संभावना है। मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गोवा, झारखंड और पश्चिम बंगाल में हल्की बारिश हो सकती है। पूर्वोत्तर के असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी कहीं-कहीं बारिश के आसार हैं। सिक्किम और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में भी मौसम बदल सकता है।
उत्तर भारत में साफ आसमान, रातें ठंडी
दिल्ली-NCR में बारिश थमने के बाद तापमान में गिरावट और सुबह-शाम ठंड का असर बढ़ा है। हालांकि बारिश से मिली राहत के बाद वायु प्रदूषण फिर बढ़ने लगा है। उत्तर प्रदेश में दिन के तापमान में बढ़ोतरी, जबकि रात के तापमान में गिरावट का अनुमान है। बिहार में फिलहाल बारिश की संभावना कम है। पंजाब, हरियाणा और हिमालयी क्षेत्रों में भी मौसम में ठंडक बढ़ रही है।
नवंबर में सामान्य से कम बारिश का अनुमान: मौसम विभाग के मासिक पूर्वानुमान के मुताबिक, नवंबर में देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से कम बारिश हो सकती है। दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में उत्तर-पूर्वी मानसून कमजोर रहने का अनुमान है। हालांकि फिलहाल मुरासु चक्रवात के कारण दक्षिण और पूर्वी राज्यों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।



