तमिलनाडु में 59 साल बाद सत्ता में कांग्रेस की वापसी: विजय कैबिनेट में आज शामिल होंगे दो मंत्री

दिल्ली। तमिलनाडु में कांग्रेस करीब 59 साल बाद राज्य सरकार का हिस्सा बनने जा रही है। कांग्रेस विधायक एस. राजेश कुमार और पी. विश्वनाथन गुरुवार को मुख्यमंत्री विजय की कैबिनेट में मंत्री पद की शपथ लेंगे।
राजेश कुमार किलियूर सीट से, जबकि विश्वनाथन मेलूर सीट से विधायक हैं। शपथ ग्रहण समारोह सुबह 10 बजे आयोजित होगा। हालांकि सरकार की ओर से अभी यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि कुल कितने मंत्री शपथ लेंगे।
कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने इसे पार्टी के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया है। उन्होंने कहा कि लगभग छह दशक बाद कांग्रेस तमिलनाडु सरकार में शामिल हो रही है।
तमिलनाडु, जिसे पहले मद्रास राज्य कहा जाता था, में 1952 से 1967 तक कांग्रेस की सरकार रही थी। 1967 में DMK के सत्ता में आने के बाद कांग्रेस ने कई बार गठबंधन किया, लेकिन सरकार में शामिल नहीं हुई।
सूत्रों के मुताबिक, विदुथलाई चिरुथइगल काची (VCK) और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) को भी मंत्रिमंडल में जगह मिल सकती है। वहीं AIADMK के बागी नेताओं को फिलहाल कैबिनेट में शामिल किए जाने की संभावना नहीं है।
दरअसल, कांग्रेस पहले DMK गठबंधन का हिस्सा थी। लेकिन विधानसभा चुनाव के बाद 4 मई को पार्टी ने गठबंधन छोड़कर विजय सरकार को समर्थन देने का फैसला किया। कांग्रेस के पास फिलहाल 5 विधायक हैं।
मुख्यमंत्री विजय ने 10 मई को पद की शपथ ली थी। उनके साथ 9 मंत्रियों ने भी शपथ ग्रहण किया था। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में विजय की पार्टी को 108 सीटों पर जीत मिली थी।





