जशपुर में CM साय का बड़ा ऐलान: 79 हजार श्रमिकों के खाते में भेजे 27.15 करोड़; बोले- “अफवाहों पर न दें ध्यान”

रायपुर | मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज जशपुर में आयोजित जिला स्तरीय श्रमिक सम्मेलन में प्रदेश के मेहनतकश मजदूरों को बड़ी सौगात दी। सीएम ने बटन दबाकर 79,340 निर्माण श्रमिकों और उनके परिजनों के बैंक खातों में 27.15 करोड़ रुपए की राशि सीधे ट्रांसफर (DBT) की। कार्यक्रम में श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन और अन्य वरिष्ठ जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
ईंधन संकट की अफवाहों को किया खारिज
सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर चल रही भ्रामक खबरों पर लगाम लगाई। उन्होंने स्पष्ट किया कि पश्चिम एशिया में युद्ध के हालातों के बावजूद छत्तीसगढ़ में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी गैस की कोई कमी नहीं होगी। सीएम ने कहा, “केंद्र सरकार की मजबूत विदेश नीति के कारण आपूर्ति निर्बाध बनी रहेगी। लोग अनावश्यक भंडारण न करें और अफवाहों पर ध्यान न दें।”
श्रमिकों के बच्चों के लिए ‘बोनस’ और पढ़ाई की सुविधा
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि यदि किसी पंजीकृत श्रमिक का बच्चा 10वीं या 12वीं की बोर्ड परीक्षा में टॉप-10 में आता है, तो सरकार उसे 2 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि देगी। साथ ही, ‘अटल शिक्षा योजना’ के तहत निजी स्कूलों में पढ़ने वाले श्रमिक बच्चों की सीटें 100 से बढ़ाकर 200 कर दी गई हैं।
पारदर्शिता का नया दौर: बीच में नहीं कटता पैसा
मुख्यमंत्री ने ‘डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर’ (DBT) की सराहना करते हुए कहा कि पहले सरकारी पैसा लाभार्थियों तक पहुंचने से पहले ही बीच में गायब हो जाता था। अब जनधन खातों की वजह से पूरी राशि सीधे मजदूर के हाथ में पहुंच रही है। उन्होंने पीएफ (PF) प्रणाली के यूनिवर्सल होने और न्यूनतम पेंशन 1,000 रुपए किए जाने की जानकारी भी दी। श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन ने बताया कि पिछले सवा दो वर्षों में सरकार ने 800 करोड़ रुपए से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से श्रमिकों को वितरित की है।



