रायपुर। छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई हिस्सों में अगले तीन दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं की संभावना जताई है। विभाग के अनुसार कुछ क्षेत्रों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चल सकती है। राजधानी रायपुर समेत कई जिलों के लिए विशेष सतर्कता बरतने की सलाह जारी की गई है।
मौसम विभाग के मुताबिक शनिवार को प्रदेश में सबसे अधिक तापमान राजनांदगांव में 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान पेंड्रा रोड में 22.8 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी के बीच मौसम में आए बदलाव से लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन तेज हवा और बिजली गिरने की घटनाओं को लेकर सावधानी बरतने की अपील की गई है।
बीते दिनों प्रदेश में आंधी-तूफान का असर कई जिलों में देखने को मिला। कोरबा जिले के लेमरू क्षेत्र में तेज हवा के दौरान पेड़ गिरने से पति-पत्नी इसकी चपेट में आ गए। हादसे में शिवरतन माझी (54) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं। दोनों जंगल में लापता बकरी की तलाश करने गए थे।
वहीं कांकेर जिले के अंतागढ़ क्षेत्र में मनरेगा कार्य के दौरान पेड़ के नीचे खड़े ग्रामीणों पर बिजली गिरने से उप सरपंच समेत तीन लोगों की मौत हो गई और पांच लोग घायल हो गए। इसके अलावा आंधी से मुंगेली में नुकसान हुआ, जबकि भेड़िया नवागांव में 131 फीट ऊंचा बीएसएनएल टावर भी गिर गया। तेज हवाओं से कई पेड़ उखड़ने और बिजली के पोल टूटने की घटनाएं सामने आईं।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मध्य पाकिस्तान से बांग्लादेश तक बनी मौसमी द्रोणिका राजस्थान, मध्यप्रदेश, उत्तर छत्तीसगढ़, झारखंड और पश्चिम बंगाल होते हुए गुजर रही है। इसी सिस्टम के कारण प्रदेश में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी हुई हैं।
रायपुर में रविवार को आंशिक रूप से बादल छाए रहने, बारिश और धूलभरी आंधी की संभावना है। शहर का अधिकतम तापमान करीब 38 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने और सतर्क रहने की अपील की है।
