सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 5 नाम केंद्र को भेजे, महिला प्रतिनिधित्व बढ़ने की उम्मीद

दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने देश की सर्वोच्च अदालत में नए जजों की नियुक्ति के लिए पांच नाम केंद्र सरकार को भेजे हैं। इनमें चार हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और एक वरिष्ठ महिला अधिवक्ता शामिल हैं।
कॉलेजियम की यह सिफारिश 22 और 27 मई को हुई बैठकों में की गई। कॉलेजियम ने शील नागू, श्री चंद्रशेखर, संजीव सचदेवा, अरूण पाली और वरिष्ठ अधिवक्ता वी मोहना के नामों की सिफारिश की है।
वरिष्ठ अधिवक्ता वी मोहना का नाम शामिल होने से सुप्रीम कोर्ट में महिलाओं की भागीदारी बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में केवल एक महिला जज बीवी नागराथन हैं।
माना जा रहा है कि जस्टिस नागरत्ना सितंबर 2027 में देश की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश बन सकती हैं। अगस्त 2021 के बाद से सुप्रीम कोर्ट में किसी महिला की नियुक्ति नहीं हुई है।
वर्तमान में सुप्रीम कोर्ट में 32 जज कार्यरत हैं। जून में जस्टिस जेके माहेश्वरी और जस्टिस पंकज मित्तल के सेवानिवृत्त होने के बाद दो पद और खाली हो जाएंगे। इसी बीच केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने की तैयारी कर रही है।
केंद्रीय कैबिनेट ने 5 मई को सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या 33 से बढ़ाकर 37 करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। इसके लिए संसद के अगले सत्र में विधेयक लाया जाएगा।
देश में लंबित मामलों की संख्या लगातार बढ़ रही है। सुप्रीम कोर्ट में इस समय 92 हजार से अधिक मामले लंबित हैं, जबकि देशभर की अदालतों में कुल 5.49 करोड़ से ज्यादा केस पेंडिंग बताए गए हैं।





