5 सेकेंड पहले मैच दिखाने वाला सॉफ्टवेयर इंजीनियर गिरफ्तार: क्रिकेट सट्टा नेटवर्क का खुलासा

रायपुर, भिलाई और बिलासपुर तक फैला था ऑनलाइन सट्टे का नेटवर्क, सटोरियों को बेचता था आईडी

रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में साइबर पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क से जुड़े एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर को गिरफ्तार किया है। आरोपी विशेष तकनीक के जरिए सटोरियों को क्रिकेट सट्टा आईडी उपलब्ध कराता था और उन्हें तकनीकी सहायता भी देता था। जांच में खुलासा हुआ है कि उसके प्लेटफॉर्म पर मैच की जानकारी टीवी प्रसारण से करीब 5 सेकेंड पहले दिखाई देती थी, जिससे सटोरियों को बॉल-टू-बॉल सट्टेबाजी में बढ़त मिलती थी।

पुलिस को सूचना मिली थी कि न्यू शंकरनगर निवासी एक युवक अपने घर से कंप्यूटर और विशेष सॉफ्टवेयर की मदद से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित कर रहा है। सूचना के आधार पर साइबर पुलिस ने दबिश दी। इस दौरान एक युवक भागने का प्रयास करने लगा, जिसे घेराबंदी कर पकड़ लिया गया। उसकी पहचान आदर्श कुमार केशरी (28) के रूप में हुई।

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह बीटेक इंजीनियर है और वर्तमान में दिल्ली की एक आईटी कंपनी में कार्यरत है। वर्ष 2025 में उसकी पहचान रायपुर और बिहार के कुछ युवकों से हुई थी, जिनके माध्यम से वह ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क से जुड़ गया। वह “Winbigpro” नामक प्लेटफॉर्म के तकनीकी संचालन और प्रबंधन का काम करता था और इसके बदले उसे 20 प्रतिशत कमीशन मिलता था।

जांच में सामने आया कि आरोपी और उसके साथी विभिन्न सट्टा वेबसाइटों की तर्ज पर प्लेटफॉर्म तैयार कर रायपुर, भिलाई, बिलासपुर सहित कई शहरों के सटोरियों को आईडी उपलब्ध कराते थे। पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए वेबसाइट के नाम, यूजर आईडी और पासवर्ड समय-समय पर बदले जाते थे।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल फोन जब्त किए हैं। मामले में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच जारी है। पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी हुई है।

Exit mobile version