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CSMCL ओवरटाइम घोटाला: 115 करोड़ की हेराफेरी में ACB की बड़ी कार्रवाई, दो गिरफ्तार

रायपुर। छत्तीसगढ़ में शराब घोटाले की गूँज अभी शांत भी नहीं हुई थी कि छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CSMCL) में एक और बड़े भ्रष्टाचार का पर्दाफाश हो गया है। राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB-EOW) ने 115 करोड़ रुपये के कथित ‘ओवरटाइम भुगतान घोटाले’ में मैनपावर एजेंसी ईगल हंटर सॉल्यूशन लिमिटेड के फील्ड ऑफिसर अभिषेक कुमार सिंह और अकाउंटेंट तिजऊ राम निर्मलकर को गिरफ्तार किया है।

ED की रेड से खुला भ्रष्टाचार का सिंडिकेट
इस घोटाले की परतें तब खुलनी शुरू हुईं जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 29 नवंबर 2023 को रायपुर में तीन संदिग्धों से 28.80 लाख रुपये नकद बरामद किए। जांच में पता चला कि यह बड़ी रकम शराब दुकानों में काम करने वाले कर्मचारियों के ओवरटाइम के नाम पर निकाली गई थी, जो उन तक कभी पहुँची ही नहीं। ED की रिपोर्ट के आधार पर ACB ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और धोखाधड़ी (IPC 420, 120-बी) के तहत मामला दर्ज किया।

कर्मचारियों के नाम पर भरी गई अफसरों की जेब
जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि वर्ष 2019-20 से 2023-24 के बीच सरकार ने शराब दुकान कर्मियों के लिए 115 करोड़ रुपये का ओवरटाइम भुगतान मंजूर किया था। नियमतः यह राशि सीधे उन मजदूरों और कर्मचारियों को मिलनी थी जिन्होंने अतिरिक्त शिफ्ट में काम किया।

लेकिन, मैनपावर एजेंसी ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर कागजों पर तो ओवरटाइम दिखाया, मगर हकीकत में यह करोड़ों रुपये कर्मचारियों के बजाय कमीशन के रूप में निकाल लिए गए। जांच एजेंसी का दावा है कि यह अवैध राशि CSMCL के भ्रष्ट अधिकारियों और निजी बिचौलियों में बांटी गई, जिसके तार विवादित कारोबारी अनवर ढेबर से भी जुड़े बताए जा रहे हैं।

27 अप्रैल तक पुलिस रिमांड पर आरोपी
ACB के अनुसार, गिरफ्तार फील्ड ऑफिसर अभिषेक और अकाउंटेंट तिजऊ राम का मुख्य काम बैंक खातों से नकदी निकालकर सिंडिकेट के आकाओं तक पहुँचाना था। सोमवार को दोनों को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें 27 अप्रैल तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।

आशंका जताई जा रही है कि पूछताछ के दौरान पिछली सरकार के दौरान सत्ता के करीबी रहे कई सफेदपोशों और बड़े अधिकारियों के नामों का खुलासा हो सकता है। फिलहाल, ACB डिजिटल साक्ष्यों और बैंक ट्रांजेक्शन की सघन जांच कर रही है।

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