रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शुक्रवार को कर्नाटक के मुद्देनहल्ली स्थित सत्य साई ग्राम का दौरा कर वहां संचालित शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और मानवीय मूल्यों पर आधारित सेवा मॉडल का अवलोकन किया।
इस दौरान उन्होंने वन वर्ल्ड वन फैमिली मिशन के संस्थापक सद्गुरु श्री मधुसूदन साई से मुलाकात कर छत्तीसगढ़ में जनकल्याणकारी सेवाओं के विस्तार, विशेषकर निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण और मूल्य आधारित शिक्षा के क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ का आधार केवल आर्थिक विकास नहीं, बल्कि स्वस्थ, शिक्षित और संस्कारित समाज है।
राज्य सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण सेवाएं पहुंचाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि समाजसेवी संस्थाओं के अनुभव और नवाचार से जनकल्याण के प्रयासों को और प्रभावी बनाया जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने रायपुर स्थित श्री सत्य साई संजीवनी अस्पताल की ओर से निःशुल्क बाल हृदय शल्य चिकित्सा के जरिए हजारों बच्चों को नया जीवन देने की पहल की सराहना की। उन्होंने अस्पताल के विस्तार, मदर एंड चाइल्ड हॉस्पिटल की स्थापना और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार पर भी चर्चा की।
साय अंतरराष्ट्रीय मूल्य आधारित शिक्षा सम्मेलन के समापन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में भी शामिल हुए। उन्होंने कहा कि आधुनिक शिक्षा केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, नैतिकता, करुणा और सामाजिक जिम्मेदारी का आधार भी होनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने साईश्योर न्यूट्रास्यूटिकल्स इकाई का भी निरीक्षण किया। यहां तैयार हेल्थ मिक्स के माध्यम से देश के 25 राज्यों और 4 केंद्रशासित प्रदेशों में करीब एक करोड़ बच्चों तक पोषण सहायता पहुंचाई जा रही है।
उन्होंने छत्तीसगढ़ के स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में ऐसे नवाचारों को अपनाने की संभावनाओं पर भी चर्चा की। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि राज्य सरकार और वन वर्ल्ड वन फैमिली मिशन के सहयोग से स्वास्थ्य, शिक्षा और पोषण के क्षेत्र में नई संभावनाएं विकसित होंगी।
