पर्यटन के जरिए नई पहचान गढ़ेगा छत्तीसगढ़: CM साय बोले- हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

रायपुर। सीएम विष्णुदेव साय ने कहा है कि छत्तीसगढ़ अब पर्यटन के जरिए देश और दुनिया में अपनी नई पहचान बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार का उद्देश्य छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक समृद्धि और जनजातीय विरासत को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाना है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को अपने निवास कार्यालय में पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में यह बात कही। बैठक में इंडियन होटल्स कंपनी के प्रतिनिधियों समेत शासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ नदियों, पहाड़ों, घने जंगलों, जलप्रपातों और समृद्ध आदिवासी संस्कृति से भरपूर राज्य है। पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने के बाद राज्य में निवेश की संभावनाएं तेजी से बढ़ी हैं। बेहतर होटल, परिवहन और आधुनिक सुविधाओं के विकास से छत्तीसगढ़ को आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनाया जा सकता है।
बैठक में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड ने राज्य में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश की इच्छा जताई। कंपनी के प्रतिनिधियों ने बताया कि इस निवेश से पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर तैयार होंगे।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को हर संभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है। पर्यटन क्षेत्र में निवेश से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और ग्रामीण व आदिवासी क्षेत्रों में भी विकास की नई संभावनाएं खुलेंगी।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि सरकार ने निवेश के लिए सरल, पारदर्शी और समयबद्ध व्यवस्था तैयार की है। अधिकारियों ने बताया कि 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश या 1000 से ज्यादा रोजगार देने वाले निवेशकों को ‘बी-स्पोक पॉलिसी’ के तहत अतिरिक्त प्रोत्साहन दिया जाएगा। बैठक में पर्यटन मंडल अध्यक्ष नीलू शर्मा, मुख्य सचिव विकासशील और कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।





