महतारी वंदन की बचत से यशोदा ने बढ़ाया सिलाई का कारोबार

रायपुर। सेवा संकल्प अभियान के तहत शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं महिलाओं को आर्थिक संबल देने के साथ उनके हुनर और स्वरोजगार को आगे बढ़ाने में मदद कर रही हैं। सरगुजा जिले की ग्राम पंचायत सकालो निवासी यशोदा प्रजापति की कहानी इसका उदाहरण है। सिलाई के काम को आजीविका का आधार बनाने वाली यशोदा ने महतारी वंदन योजना से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता का उपयोग घरेलू जरूरतों के साथ बचत के लिए किया। इसी बचत से उन्होंने धीरे-धीरे अपनी सिलाई की दुकान को आगे बढ़ाया।
यशोदा लंबे समय से सिलाई का काम कर रही हैं। उनकी सिलाई से होने वाली आमदनी परिवार की जरूरतों को पूरा करने में पति का सहयोग करती है। उनके पति वैन चलाते हैं और परिवार में दो बच्चे हैं। ऐसे में घरेलू जिम्मेदारियों के साथ सिलाई का काम संभालकर यशोदा परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में योगदान दे रही हैं।
योजना की राशि से बचत, दुकान को मिला सहारा
यशोदा बताती हैं कि महतारी वंदन योजना के तहत मिलने वाली राशि से उन्हें अपनी छोटी-बड़ी जरूरतें पूरी करने में मदद मिलती है। इसमें से कुछ राशि बचाकर उन्होंने सिलाई के कारोबार में लगाई। उनका कहना है, “महतारी वंदन का पैसा मिलता है तो उससे मुझे बहुत मदद हो जाती है। पैसे इकट्ठा करके धीरे-धीरे अपनी दुकान को आगे बढ़ाया है।”
बच्चों की पढ़ाई में भी कर रहीं सहयोग
सिलाई से होने वाली आमदनी का उपयोग यशोदा घर के खर्च में सहयोग देने के साथ बच्चों की पढ़ाई और अन्य जरूरी जरूरतों को पूरा करने में भी करती हैं। नियमित आर्थिक सहायता मिलने से उन्हें अपनी जरूरतों के लिए राशि बचाने का अवसर मिला है।
यशोदा के लिए महतारी वंदन योजना की राशि केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि उनके हुनर को आगे बढ़ाने का माध्यम भी बनी है। सिलाई की आय और बचत के जरिए वह परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों में अपनी भागीदारी बढ़ा रही हैं। उन्होंने योजना के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया।





