पश्चिम बंगाल में मंत्रिमंडल विस्तार: 35 नए मंत्रियों ने ली शपथ, कैबिनेट की संख्या बढ़कर 41 हुई

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली सरकार का पहला बड़ा मंत्रिमंडल विस्तार सोमवार को संपन्न हुआ। राजधानी कोलकाता स्थित लोकभवन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में 35 नए मंत्रियों ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। राज्यपाल आरएन रवि ने सभी मंत्रियों को शपथ दिलाई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री और कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
इस विस्तार के बाद राज्य की मंत्रिपरिषद में मंत्रियों की कुल संख्या बढ़कर 41 हो गई है। इससे पहले 9 मई को मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने पद की शपथ ली थी। उनके साथ दिलीप घोष, अग्निमित्र पॉल, निशित प्रमाणिक, अशोक कीर्तन और खुदिरम तुडू ने भी मंत्री पद की शपथ ली थी।
संविधान के 91वें संशोधन के अनुसार किसी राज्य में मंत्रिपरिषद का आकार विधानसभा की कुल सदस्य संख्या के 15 प्रतिशत तक सीमित होता है। पश्चिम बंगाल विधानसभा में 294 विधायक हैं, जिसके आधार पर अधिकतम 44 मंत्री बनाए जा सकते हैं। वर्तमान विस्तार के बाद सरकार में 41 मंत्री हो गए हैं, जबकि अभी भी तीन पद खाली हैं। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार फिलहाल इन पदों को रिक्त रखा जा सकता है।
सरकार द्वारा पहले किए गए विभागीय बंटवारे में निषिथ प्रमाणिक को उत्तर बंगाल विकास, खेल एवं युवा कल्याण विभाग सौंपा गया था। वहीं दिलीप घोष को ग्रामीण विकास, पशु संसाधन विकास और कृषि विपणन विभाग की जिम्मेदारी मिली। अग्निमित्रा पॉल को महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण और नगर निकाय विभाग दिए गए हैं। अशोक कीर्तनिया को खाद्य एवं आपूर्ति तथा सहकारिता मंत्रालय सौंपा गया, जबकि क्षुदिराम टुडू को जनजातीय विकास, पिछड़ा वर्ग कल्याण, अल्पसंख्यक मामले और मदरसा शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने गृह मंत्रालय और वित्त विभाग समेत कई महत्वपूर्ण मंत्रालय अपने पास रखे हैं। मंत्रिमंडल विस्तार को सरकार के प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने और विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



