5 रुपए के पुराने नोट पर 37 लाख का झांसा, राजनांदगांव साइबर ठगी केस में मास्टरमाइंड अरेस्ट

राजनांदगांव। पुराने नोट और सिक्कों के बदले लाखों रुपये दिलाने का लालच देकर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। छुईखदान थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने गिरोह के मास्टरमाइंड मोहम्मद जाहिर को हरियाणा के मेवात से गिरफ्तार किया है।
पुलिस के मुताबिक आरोपी सोशल मीडिया और इंटरनेट प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाता था। वह खासतौर पर पुराने नोटों के शौकीनों और आम लोगों को निशाना बनाकर उन्हें भारी रकम मिलने का झांसा देता था।
जांच में सामने आया कि आरोपी 5 रुपये के पुराने नोट के बदले 37 लाख रुपये दिलाने का दावा करता था। इसी लालच में पद्मवतीपुर निवासी नेताराम देवांगन उसके संपर्क में आए। आरोपी ने प्रोसेसिंग फीस, कस्टम चार्ज और अन्य शुल्क के नाम पर उनसे अलग-अलग बैंक खातों में करीब 11 लाख 70 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए।
पुलिस जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी ठगी के लिए फर्जी सिम कार्ड और दूसरों के बैंक खातों का इस्तेमाल करता था। वह पीड़ितों पर लगातार दबाव बनाकर उनसे और पैसे वसूलने की कोशिश करता था।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 9 मोबाइल फोन, 2 एटीएम कार्ड और 4 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है और उससे गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। मोबाइल डेटा, कॉल डिटेल रिकॉर्ड, बैंक ट्रांजेक्शन और सोशल मीडिया अकाउंट्स खंगाले जा रहे हैं। साथ ही जिन खातों में रकम ट्रांसफर की गई, उनके खाताधारकों की भी जांच की जा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के झांसे से बचने के लिए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है और किसी भी लालच में आकर ऑनलाइन लेनदेन करने से बचना चाहिए।





