कोरबा में एसीबी ने असिस्टेंट इंजीनियर को 50 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार, अंबिकापुर में RI को 4 साल की सजा

कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने विद्युत विभाग के असिस्टेंट इंजीनियर सत्येंद्र दिवाकर को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी ने ग्राम रलिया के किसान श्यामता टंडन से ट्रांसफार्मर लगाने के नाम पर 80 हजार रुपए की मांग की थी। किसान ने पहले ही 30 हजार रुपए दे दिए थे, लेकिन बाकी 50 हजार रुपए देने से इनकार किया। इसके बाद उन्होंने मामले की शिकायत बिलासपुर ACB कार्यालय में की।
शिकायत की पुष्टि होने के बाद ACB ने ट्रैप योजना बनाई। 28 जनवरी को श्यामता टंडन 50 हजार रुपए के साथ आरोपी के दीपका स्थित कार्यालय पहुंचे। जैसे ही असिस्टेंट इंजीनियर ने पैसे लिए, टीम ने घेराबंदी कर उसे रंगे हाथों गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से रिश्वत की पूरी राशि जब्त की गई। डीएसपी ACB बिलासपुर अजितेश सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 के तहत कार्रवाई की जा रही है।
दूसरी ओर, सरगुजा जिले के अंबिकापुर में 10 हजार रुपए की रिश्वत मांगने वाले राजस्व निरीक्षक राजबहादुर सिंह को कोर्ट ने 4 साल कठोर कारावास और 5 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। आरोपी ने 2018 में प्रार्थी अर्चना खाखा के जमीन का नक्शा कटवाने और रिकॉर्ड ठीक कराने के बदले रिश्वत ली थी। एसीबी ने 7 अगस्त 2020 को ट्रैप कार्रवाई कर उसे रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
एसीबी ने दोनों मामलों में कहा कि भ्रष्ट लोकसेवकों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और किसी भी रिश्वत की घटना की तुरंत सूचना देने की अपील की गई है। इन कार्रवाइयों से भ्रष्टाचार पर सख्त संदेश गया है और आम जनता के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित होगी।





