गणतंत्र दिवस परेड 2026: नेवी मार्चिंग दल और महाराष्ट्र की झांकी बनी सर्वश्रेष्ठ

दिल्ली। गणतंत्र दिवस परेड 2026 के विजेताओं की घोषणा बुधवार को हुई। इसमें इंडियन नेवी के मार्चिंग दल को तीनों सेनाओं में सर्वश्रेष्ठ माना गया। नेवी के 144 सैनिक कंधे से कंधा मिलाकर कर्तव्य पथ पर मार्च कर रहे थे। दिल्ली पुलिस का दल केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों और सहायक बलों में दूसरे स्थान पर रहा।
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की झांकी में महाराष्ट्र ने टॉप किया। इसकी झांकी में गणेश उत्सव को आत्मनिर्भरता के प्रतीक के रूप में दिखाया गया। पारंपरिक पोशाक पहनी महिलाओं ने झांकी के दोनों ओर लोक नृत्य प्रस्तुत किया। झांकी में मराठी सिनेमा और थिएटर के कलाकार, विष्णु पंत पागनीस की गीत रिकॉर्डिंग, स्वतंत्रता सेनानियों और तिरंगा पकड़े भारत माता की छवियां दर्शाई गईं।
केंद्रीय मंत्रालयों की श्रेणी में संस्कृति मंत्रालय की झांकी को विजेता घोषित किया गया। इसमें वंदे मातरम के 150 साल पूरे होने का जश्न मनाया गया। झांकी में बंकिम चंद्र चटर्जी की पांडुलिपि, औपनिवेशिक काल की रिकॉर्डिंग और Gen Z का गायन दिखाया गया। थीम थी ‘वंदे मातरम: एक राष्ट्र की आत्मा की पुकार’।
राज्यों में जम्मू-कश्मीर ने दूसरा स्थान हासिल किया और केरल तीसरे नंबर पर रहा। केंद्रीय पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट की झांकी को विशेष पुरस्कार मिला। पॉपुलर चॉइस कैटेगरी में असम रेजिमेंट को सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग दल के रूप में चुना गया। गुजरात ने अपनी झांकी ‘स्वदेशी-आत्मनिर्भरता-स्वतंत्रता का मंत्र: वंदे मातरम’ के साथ पॉपुलर चॉइस में पहला स्थान पाया। उत्तर प्रदेश दूसरे और राजस्थान तीसरे नंबर पर रहे।
स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग की झांकी, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर आधारित थी, केंद्रीय मंत्रालयों में पॉपुलर चॉइस कैटेगरी में शीर्ष स्थान पर रही।
30 जनवरी को राष्ट्रीय रंगशाला कैंप में पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया जाएगा, जहां विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा। इस परेड ने नेवी की सैन्य अनुशासन, राज्यों की सांस्कृतिक विविधता और मंत्रालयों की रचनात्मक झांकियों को एक मंच पर पेश किया।




