
बिपत सारथी@गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। रेलवे में टीटी की नौकरी लगवाने के नाम पर बेरोजगार युवकों से जालसाजी कर धोखाधड़ी करने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह के दो आरोपियों को मरवाही पुलिस नें गिरफ्तार किया है। यह आरोपियों के तार पश्चिम बंगाल के गिरोह से जुड़ा हुआ है जो छत्तीसगढ़ के कई जिलों में धोखाघड़ी कर चुके हैं।
दरअसल मरवाही थाना क्षेत्र के अन्तर्गत कुम्हारी के पूर्व सरपंच पुनीत प्रधान मरवाही थाना पहुंच कर रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर 12लाख की धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराया था। जिसमें पीड़ित गिरोह के सदस्य के संपर्क में आया और आरोपियों के द्वारा झांसा देकर अलग-अलग किस्तों में पैसे ट्रांसफर कराया और गिरोह के द्वारा योजना बद्ध तरीके से ट्रेनिंग देने के बाद पीड़ित युवक को फर्जी नियुक्ति पत्र थमाया जो पूरी तरह से फर्जी नियुक्ति पत्र था। पीड़ित युवक को जब धोखाघड़ी का एहसास हुआ तो मरवाही थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराया। जिस पर अपराध दर्ज कर पुलिस एवं साइबर सेल के संयुक्त टीम नें लगातार आरोपियों की पताशाजी में जुटी हुई थी।
इसी दौरान रेल्वे में नौकरी लगवाने वाले दो आरोपी विधानचंद बैरागी और योगेश रजक को चिरमिरी व बिलासपुर से दबिश देकर पुलिस गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल का यह गिरोह है जिसके संपर्क में आने के बाद यह आरोपी सदस्य लगातार घटना को अंजाम दे रहे थे जिसके दो सदस्य अभी पुलिस के हत्थे चढ़े हैं जो छत्तीसगढ़ के जांजगीर चांपा में भी इस तरह के धोखाघड़ी कर चुके हैं, इस मामले में अभी और भी गिरोह के सदस्यों तक पहुंचने में पुलिस लगातार प्रयास कर रही है। और गिरोह की पताशाजी में जुट गई है…