StateNewsदेश - विदेश

शशि थरूर ने दिल्ली AI समिट की तारीफ की, राहुल ने बताया था PR तमाशा

दिल्ली। राजधानी दिल्ली में चल रहे इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 को लेकर मचे विवाद के बीच कांग्रेस सांसद शशि थरूर का बयान सामने आया है।

उन्होंने कहा कि इतने बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों में कुछ गड़बड़ियां होना स्वाभाविक है। समिट के शुरुआती दिन काफी अच्छे रहे और दुनिया भर के राष्ट्राध्यक्षों, प्रधानमंत्रियों और नेताओं की मौजूदगी ने इसे प्रभावशाली बना दिया।

थरूर ने कहा कि एआई समिट का सबसे मजबूत पक्ष यह रहा कि विश्व के बड़े नेता एक नई, समन्वित और जिम्मेदार एआई दुनिया का संदेश लेकर आए।

उन्होंने भारत की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि एआई विकास में भारत अग्रणी भूमिका निभा रहा है। हालांकि उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ तकनीकी और प्रबंधन संबंधी चूक हुई हैं, लेकिन इतने बड़े आयोजनों में यह सामान्य बात है।

दरअसल, इस समिट के दौरान गलगोटिया यूनिवर्सिटी द्वारा चीनी रोबोटिक डॉग और कोरियाई ड्रोन को अपना इनोवेशन बताकर प्रदर्शित किए जाने का वीडियो वायरल हो गया था।

इसके बाद विवाद खड़ा हो गया और आयोजकों ने यूनिवर्सिटी को एक्सपो से बाहर कर दिया। इस पर नेता विपक्ष राहुल गांधी ने समिट को ‘डिसऑर्गनाइज्ड पीआर स्पेक्टेकल’ यानी प्रचार का तमाशा करार दिया था।

विवाद बढ़ने पर गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने सफाई दी कि रोबोट उनका आविष्कार नहीं है, बल्कि छात्रों के प्रशिक्षण के लिए खरीदा गया है। वहीं कांग्रेस ने सरकार पर देश की छवि खराब करने का आरोप लगाया।

उल्लेखनीय है कि इस भव्य आयोजन का उद्घाटन नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी को किया था। यह समिट 20 फरवरी तक भारत मंडपम, नई दिल्ली में आयोजित किया जा रहा है, जहां दुनियाभर की कंपनियां अपने लेटेस्ट एआई सॉल्यूशंस प्रदर्शित कर रही हैं।

कुल मिलाकर, एआई समिट जहां भारत की तकनीकी क्षमता को वैश्विक मंच पर दिखाने का अवसर बना, वहीं गलगोटिया विवाद ने इसकी व्यवस्थाओं पर सवाल भी खड़े कर दिए हैं।

Related Articles

Back to top button