रायपुर। छत्तीसगढ़ में दो दिन की थोड़ी राहत के बाद फिर से कड़ाके की ठंड ने दस्तक दी है। राज्य के उत्तरी हिस्सों में ठंड का असर अधिक महसूस किया जा रहा है।
सरगुजा संभाग विशेष रूप से प्रभावित है, जहां बलरामपुर में मौसम विभाग की चेतावनी और शीतलहर को देखते हुए कलेक्टर ने आज (6 जनवरी) सभी स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है। यह आदेश शासकीय, अशासकीय और अनुदान प्राप्त सभी स्कूलों पर लागू होगा।
हालांकि शिक्षक और अन्य कर्मचारी अपने-अपने विद्यालयों में निर्धारित समय पर उपस्थित रहेंगे। कक्षा 10वीं और 12वीं के छात्र, जिनकी प्रैक्टिकल परीक्षाएं चल रही हैं, उनके लिए अवकाश लागू नहीं होगा और वे परीक्षा में निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शामिल होंगे।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, अंबिकापुर में रात का न्यूनतम तापमान 4.8 डिग्री सेल्सियस और पेंड्रा में 6.8 डिग्री दर्ज किया गया। सुबह और शाम के समय लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं। पिछले 24 घंटों में प्रदेश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान दुर्ग में 29.6 डिग्री रहा।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले तीन दिनों तक उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में शीतलहर का असर रहेगा। उत्तरी हिस्सों में एक-दो जगहों पर घना कोहरा छाने की संभावना भी जताई गई है। लोगों को अलाव और गर्म कपड़ों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है।
सरगुजा संभाग और बलरामपुर जैसे प्रभावित क्षेत्रों में नागरिकों से आग और हीटर का सुरक्षित उपयोग करने की चेतावनी दी गई है। अधिकारियों ने कहा कि तापमान में यह गिरावट सामान्य से अधिक है और अगले 72 घंटे तक मौसम बेहद ठंडा बना रहेगा।
छत्तीसगढ़ में इस समय ठंड और कोहरे के बीच जनजीवन प्रभावित हो रहा है, लेकिन स्कूलों के अवकाश और प्रशासनिक सतर्कता से बच्चों और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है।
