कोच्चि। राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता मलयालम अभिनेता सलीम कुमार का रविवार को केरल के एर्नाकुलम जिले स्थित उनके आवास पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। 56 वर्षीय अभिनेता का शनिवार रात कार्डियक अरेस्ट के कारण निधन हो गया था। उनके निधन से मलयालम फिल्म उद्योग और प्रशंसकों में शोक की लहर है।
अंतिम संस्कार के दौरान अभिनेता के पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में रिश्तेदार, फिल्म जगत से जुड़े लोग और प्रशंसक पहुंचे। इस दौरान मीडिया और पैपराजी की भी भारी भीड़ मौजूद रही। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में अभिनेता के बड़े बेटे चंदू सलीम कुमार मीडिया कर्मियों पर नाराज होते दिखाई दिए।
वीडियो में चंदू ने फोटोग्राफर्स और कैमरामैन से पीछे हटने की अपील की। उन्होंने कहा कि परिवार इस कठिन समय में अपने प्रियजन को शांति से अंतिम विदाई देना चाहता है और मीडिया को उनकी भावनाओं का सम्मान करना चाहिए। लगातार कैमरों और भीड़ से घिरे होने के कारण परिवार के सदस्य असहज नजर आए।
अभिनेता के निधन पर देशभर से श्रद्धांजलियां दी गईं। नरेंद्र मोदी ने भी शोक व्यक्त करते हुए कहा कि सलीम कुमार एक बहुमुखी प्रतिभा के धनी कलाकार थे, जिन्होंने अपनी यादगार भूमिकाओं से दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई। वहीं केरल सरकार ने उनके अंतिम संस्कार का पूरा खर्च वहन करने का निर्णय लिया।
सलीम कुमार ने तीन दशक से अधिक लंबे करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। उन्हें फिल्म Adaminte Makan Abu में शानदार अभिनय के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्होंने हास्य भूमिकाओं से शुरुआत कर बाद में खुद को एक गंभीर और प्रभावशाली अभिनेता के रूप में स्थापित किया।
उनके परिवार में पत्नी सुनीता और दो बेटे चंदू तथा आरोमल हैं। सलीम कुमार का निधन मलयालम सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके अभिनय और योगदान को लंबे समय तक याद किया जाएगा।
