हिडमा को ‘लाल सलाम’ कर फंसी प्रीति मांझी! युवा कांग्रेस ने गठित की जांच समिति, काम करने पर लगी रोक

रायपुर। युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सह सचिव प्रीति मांझी द्वारा सोशल मीडिया पर किए गए विवादित पोस्ट ने राजनीतिक हलचल तेज कर दी है। संगठन ने मामले को गंभीर मानते हुए उच्च स्तरीय जांच समिति गठित की है और जांच पूरी होने तक प्रीति मांझी को उनके पद पर काम करने से रोक दिया गया है।
दरअसल, प्रीति मांझी ने हाल ही में एनकाउंटर में मारे गए कुख्यात नक्सली कमांडर माडवी हिडमा को ‘लाल सलाम कामरेड हिडमा’ लिखकर श्रद्धांजलि दी थी। पोस्ट वायरल होते ही यह मामला तूल पकड़ गया। छत्तीसगढ़ भाजपा ने इस पोस्ट को मुद्दा बनाते हुए कांग्रेस पर “अर्बन नक्सल तैयार करने” जैसे गंभीर आरोप लगा डाले।
मामला बढ़ता देख प्रीति मांझी ने अपनी सफाई पेश की। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी बात का गलत अर्थ निकाला गया है। उनका कहना है कि वे गांधीवादी विचारधारा से जुड़ी हैं और किसी भी तरह की हिंसा का समर्थन नहीं करतीं। परन्तु, यह सफाई युवा कांग्रेस नेतृत्व को संतुष्ट नहीं कर पाई।
छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस प्रभारी अमित सिंह पठानिया ने बताया कि मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए राष्ट्रीय नेतृत्व ने जांच समिति गठित कर दी है। साथ ही, जांच पूरी होने तक प्रीति मांझी को राष्ट्रीय सह सचिव के रूप में किसी भी आधिकारिक कार्य से दूर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
इस कदम से साफ है कि संगठन विवादित बयानों और संवेदनशील विषयों पर शून्य सहिष्णुता की नीति अपनाना चाहता है। अब सभी की निगाहें जांच समिति की रिपोर्ट पर टिक गई हैं, जो यह तय करेगी कि प्रीति मांझी के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई होगी।



