धान की खुशहाली से सजी खुशियाँ: प्रेमचंद लहरे 9.61 लाख की धान बिक्री से करेंगे भतीजी का विवाह

रायपुर। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में छत्तीसगढ़ में धान खरीदी का कार्य तेजी और पारदर्शिता के साथ जारी है। सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में कुल 89,181 किसान पंजीकृत हैं, जिनमें से अब तक 72,258 किसानों से 3,71,291 टन धान खरीदी की जा चुकी है। इस प्रकार जिले में लगभग 76 प्रतिशत धान खरीदी का लक्ष्य पूरा हो चुका है।
विकासखंड सारंगढ़ के धान उपार्जन केंद्र कोसीर में पंजीकृत ग्राम भाठागांव निवासी किसान प्रेमचंद लहरे ने मात्र दो टोकन के माध्यम से 310 क्विंटल धान बेचा। धान विक्रय के एवज में उन्हें 9,61,000 रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खाते में प्राप्त हुई। समय पर और सुरक्षित भुगतान से किसान परिवार में खुशियों का माहौल बन गया।
किसान प्रेमचंद लहरे ने बताया कि उनकी भतीजी का विवाह तय है और धान बिक्री से प्राप्त राशि इसी शुभ अवसर में उपयोग की जाएगी। उन्होंने राज्य सरकार की किसान हितैषी नीतियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि भुगतान समय पर मिलना और प्रक्रिया का पारदर्शी होना किसानों के लिए बड़ी राहत है।
साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त किया और कहा कि उनके नेतृत्व में धान खरीदी व्यवस्था सरल, भरोसेमंद और पारदर्शी बनी है। शासन के स्पष्ट निर्देशों के अनुसार जिले में धान उपार्जन सभी केंद्रों पर किसानों की सुविधा को ध्यान में रखकर संचालित किया जा रहा है।
समयबद्ध भुगतान और सुव्यवस्थित उपार्जन प्रणाली से किसानों में संतोष का माहौल है। किसान प्रेमचंद लहरे जैसे परिवार राज्य शासन की नीतियों से लाभान्वित हो रहे हैं और अपनी खुशियों को इस पारदर्शी व्यवस्था से जोड़कर अनुभव कर रहे हैं। यह कहानी धान खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता और किसान-हितैषिता का जीवंत उदाहरण प्रस्तुत करती है।





