दंतेवाड़ा में 63 नक्सलियों का सरेंडर, 1.19 करोड़ के इनामी, DVCM-ACM रैंक के कैडर भी शामिल

जगदलपुर/दंतेवाड़ा। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में नक्सल उन्मूलन की दिशा में एक बड़ी सफलता मिली है। जिले में सक्रिय रहे 63 नक्सलियों ने एक साथ पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर हथियार डाल दिए हैं। इनमें 18 महिला नक्सली भी शामिल हैं। सरेंडर करने वाले 36 नक्सलियों पर कुल 1 करोड़ 19 लाख रुपए से अधिक का इनाम घोषित था।
पुलिस के अनुसार इन नक्सलियों में संगठन के बड़े कैडर शामिल हैं। कालाहांडी एरिया कमेटी सचिव, पश्चिम बस्तर डिवीजन के DVCM और ACM रैंक के नक्सली भी आत्मसमर्पण करने वालों में हैं। ये सभी लंबे समय से माओवादी संगठन से जुड़े हुए थे और कई हिंसक वारदातों को अंजाम दे चुके थे।
इन नक्सलियों में 7 पर 8-8 लाख रुपए का इनाम था, जबकि 7 नक्सलियों पर 5-5 लाख, 8 पर 2-2 लाख, 11 पर 1-1 लाख और 3 नक्सलियों पर 50-50 हजार रुपए का इनाम घोषित था। खास बात यह है कि इनमें एक नक्सली दंपति भी शामिल है, जिन पर 8-8 लाख रुपए का इनाम था।
दंतेवाड़ा पुलिस ने प्रेस वार्ता कर बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली पिछले कई वर्षों से संगठन के लिए एंबुश लगाना, रेकी करना, सुरक्षाबलों पर हमले और क्षेत्र में दहशत फैलाने जैसी गतिविधियों में शामिल रहे हैं। लेकिन अब उन्होंने हिंसा का रास्ता छोड़ते हुए समाज की मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया है।
दंतेवाड़ा के एसपी गौरव राय ने कहा कि सरकार की पुनर्वास नीति और लगातार चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियानों का यह सकारात्मक परिणाम है। आत्मसमर्पण करने वाले सभी नक्सलियों को शासन की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति के तहत सहायता दी जाएगी, ताकि वे सामान्य जीवन की ओर लौट सकें।
पुलिस का मानना है कि इस सामूहिक सरेंडर से नक्सल संगठन को बड़ा झटका लगा है और आने वाले समय में और भी नक्सली हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण के लिए प्रेरित होंगे।





