तांदुला नहर में पिता-बेटी की डूबने से मौत, स्विमिंग सिखाते वक्त हुआ हादसा

बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले से एक हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहां तांदुला नहर के तेज बहाव ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां छीन लीं। नहर में नहाने और स्विमिंग सीखने के दौरान 108 एम्बुलेंस कर्मी और उनकी 12 वर्षीय बेटी की डूबने से मौत हो गई।

शादी समारोह की खुशियां मातम में बदलीं

मृतक टायमन गंजीर (35), जो जिला अस्पताल बालोद में इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (EMT) के पद पर तैनात थे, अपने ससुराल ग्राम पीपरछेड़ी में एक शादी समारोह में शामिल होने आए थे।

मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे, वे अपनी बेटी पालंकी और भतीजी दामिनी साहू के साथ तांदुला नहर में नहाने पहुंचे। टायमन अपनी बेटी को तैरना सिखा रहे थे, लेकिन नहर में पानी का बहाव बहुत तेज था।

बहाव का अंदाजा न मिलने से हुआ हादसा

तांदुला जलाशय से वर्तमान में सिंचाई के लिए पानी छोड़े जाने के कारण नहर का जलस्तर करीब 8 फीट था। नहाने के दौरान तीनों गहरे पानी और तेज करंट की चपेट में आ गए।

बच्चों की चीख-पुकार सुनकर पास मौजूद लोगों ने बहादुरी दिखाते हुए भतीजी दामिनी को तो बचा लिया, लेकिन टायमन और पालंकी पानी के वेग में बह गए।

20 किमी दूर मिली बेटी की लाश

घटना के बाद प्रशासन ने तांदुला और गंगरेल बांध से पानी का बहाव कम कराया ताकि रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा सके। गोताखोरों ने कड़ी मशक्कत के बाद मंगलवार को ही घटनास्थल से महज 400 मीटर की दूरी पर टायमन का शव बरामद कर लिया था।

12 साल की पालंकी की तलाश जारी रही और बुधवार सुबह उसका शव घटनास्थल से 20 किलोमीटर दूर मिला। इस दुखद घटना से पूरे गांव और स्वास्थ्य विभाग में शोक की लहर है। टायमन पिछले एक महीने से ही बालोद मुख्यालय में अपनी सेवाएं दे रहे थे। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

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