Chhattisgarh: मेकाहारा के जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल, राज्य सरकार से की ये मांग

रायपुर। (Chhattisgarh) प्रदेश के सबसे बड़े भीमराव अंबेडकर अस्पताल के जूनियर डॉक्टर्स हड़ताल पर चले गए हैं। हड़ताल के दूसरे दिन जूनियर डॉक्टर्स ने एक वीडियो जारी करके हड़ताल की वजह और सरकारी तैयारियों की हकीकत बयां की है।
(Chhattisgarh) जूनियर डॉक्टर्स ने स्पष्ट किया है कि पिछले 1 साल से वे सरकार के सामने अपनी मांगे रख रहे हैं। लेकिन उन मांगो पर कोई निराकरण नही हो पा रहा है।
जूडो डॉक्टर्स का कहना है कि हम हड़ताल करने पर मजबूर है। क्योकि अस्पतालों में हमे कोई भी सुविधा नही दी जा रही है। (Chhattisgarh) कोविड में ड्यूटी करते करते साल भर से ज्यादा समय बीत गया। इस दौरान सरकार चाहती तो एक नया कोविड हॉस्पिटल बनाकर उसमें अलग से स्टाफ की नियुक्ति कर सकती थी।
अस्पताल में जूनियर डॉक्टर के लिए ना तो PPE किट उपलब्ध है ना ग्लब्ज। अव्यवस्थाओं का आलम ऐसा है कि अपने जान पहचान वालो के लिए भी बेड उपलब्ध नही करा पा रहे हैं।
ड्यूटी करते समय 110 जूनियर डॉक्टर कोरोना पॉजिटिव हो चुके हैं। इसके बाद भी हमारी सेवाएं जारी है कोविड ड्यूटी के बाद 7 दिनों के आईसोलेशन में भेजे बगैर अन्य सेवाओं में ड्यूटी लगा दी जाती है जोकि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की सरासर अवहेलना है। क्योंकि ऐसे में कोविड महामारी का आम जनता या अस्पताल में आए लोगो मे फैलने का खतरा ज्यादा बढ़ जाता है।
ऐसे में जूनियर डॉक्टर्स ने प्रार्थना की है कि उन्हें अगर इस दौरान किसी जूनियर डॉक्टर की मौत होती है तो उन्हें कोरोना वॉरियर मानकर शहीद का दर्जा दिया जाएऔर शहीद के समकक्ष सम्मान निधि प्रदान की जाए। तथा परिवार के सामाजिक , आर्थिक नैतिक सुरक्षा का भी ध्यान रखा जाए।