नवा रायपुर को आईटी और स्टार्ट-अप हब बनाने की दिशा में ऐतिहासिक पहल

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद का बड़ा फैसला
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने नवा रायपुर अटल नगर को आईटी, नवाचार और स्टार्ट-अप हब के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क्स ऑफ इंडिया (STPI) के सहयोग से नवा रायपुर में 4 नए सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप की स्थापना के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
यह निर्णय राज्य को आईटी-आईटीईएस, स्टार्ट-अप, अनुसंधान और उभरती तकनीकों के क्षेत्र में राष्ट्रीय पहचान दिलाने वाला माना जा रहा है। मंत्रिपरिषद की स्वीकृति के बाद एसटीपीआई और राज्य सरकार के बीच एमओयू किया जाएगा, जिसके तहत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), हर्बल मेडिसिन एवं वन उत्पाद, स्मार्ट सिटी और स्मार्ट एग्रीकल्चर जैसे डोमेन में चार सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप स्थापित किए जाएंगे।
इन केंद्रों के माध्यम से अगले 3 से 5 वर्षों में करीब 135 डोमेन-विशिष्ट स्टार्ट-अप्स को इन्क्यूबेशन, मेंटरशिप, तकनीकी मार्गदर्शन और फंडिंग सपोर्ट मिलेगा। इससे स्थानीय युवाओं, नवाचारियों और उद्यमियों को बड़े स्तर पर अवसर मिलेंगे।
इसके साथ ही राज्य में हार्डवेयर और इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र को मजबूत करने के लिए इलेक्ट्रॉनिक्स सिस्टम डिजाइन एवं विकास (ESDM) सेंटर की भी स्थापना की जाएगी। यह केंद्र हर साल 30 से 40 हार्डवेयर स्टार्ट-अप्स और एमएसएमई को तकनीकी सहयोग प्रदान करेगा।
इस पूरी परियोजना के लिए व्यापक वित्तीय प्रावधान किए गए हैं। चार सेंटर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप के लिए कुल 105.30 करोड़ रुपए और ESDM सेंटर के लिए 78 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। नवा रायपुर के सेक्टर-21 में एसटीपीआई को जमीन और अस्थायी कार्यस्थल भी उपलब्ध कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि यह पहल छत्तीसगढ़ में आईटी निवेश, रोजगार और स्टार्ट-अप संस्कृति को नई गति देगी और राज्य को आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य के और करीब ले जाएगी।





