रायपुर साहित्य महोत्सव में “आज की हिंदी कहानियाँ” विषय पर पैनल चर्चा आयोजित

रायपुर। रायपुर साहित्य महोत्सव के अंतर्गत पुरखौती मुक्तांगन स्थित लाला जगदलपुरी मंडप में “आज की हिंदी कहानियाँ” विषय पर एक विचारोत्तेजक पैनल चर्चा आयोजित की गई। यह सत्र महोत्सव के दूसरे दिन मंडप में आयोजित दूसरा सत्र रहा, जिसमें समकालीन हिंदी कहानी की दिशा और दशा पर गंभीर विमर्श हुआ।
पैनल चर्चा में प्रख्यात साहित्यकार परदेशी राम वर्मा, वरिष्ठ लेखिका जयश्री राय, प्रसिद्ध लेखक सतीश जायसवाल तथा साहित्य विदुषी डॉ. अंशु जोशी ने सहभागिता की। वक्ताओं ने आज की हिंदी कहानियों के बदलते स्वरूप, विषयगत विस्तार और शिल्पगत प्रयोगों पर अपने विचार रखे। उन्होंने बताया कि समकालीन हिंदी कहानी समाज के बदलते यथार्थ, संवेदनाओं और संघर्षों को अधिक गहराई से अभिव्यक्त कर रही है।
चर्चा के दौरान वक्ताओं ने कहा कि आज की कहानियों में सामाजिक चेतना, हाशिए के वर्गों की आवाज़, स्त्री विमर्श, पहचान और समकालीन चुनौतियाँ प्रमुख रूप से उभर रही हैं। साथ ही कथ्य और भाषा में नए प्रयोग हिंदी कहानी को अधिक जीवंत और प्रासंगिक बना रहे हैं।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित साहित्यप्रेमियों, विद्यार्थियों और पाठकों के साथ संवाद भी हुआ, जिससे सत्र और अधिक सार्थक बन सका। रायपुर साहित्य महोत्सव साहित्य, संस्कृति और विचारों के आदान-प्रदान का एक प्रभावी मंच बनकर उभर रहा है, जहाँ विभिन्न विधाओं के रचनाकार एक साथ संवाद कर रहे हैं।





