रायपुर। परिवहन मंत्री केदार कश्यप आज नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी की अध्यक्षता में आयोजित सभी राज्यों के परिवहन मंत्रियों की बैठक में शामिल हुए।
इस महत्वपूर्ण बैठक का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना रहा। केंद्रीय मंत्री गडकरी ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली अधिकांश मौतें हेलमेट, सीट बेल्ट जैसे सुरक्षा उपायों का पालन न करने के कारण होती हैं। उन्होंने सभी राज्यों को ट्रैफिक नियमों के सख्त पालन के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान परिवहन मंत्री केदार कश्यप ने छत्तीसगढ़ में संचालित परिवहन विभाग की योजनाओं, परियोजनाओं और उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी केंद्रीय मंत्री को दी।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार वाहन सुरक्षा को लेकर गंभीर है और ओवरलोडिंग के खिलाफ लगातार कठोर कार्रवाई की जा रही है। ओवरलोड वाहनों पर नियमित जांच, तकनीकी निगरानी और कड़े दंडात्मक प्रावधानों को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।
बैठक में सड़क सुरक्षा को लेकर जन-जागरूकता अभियानों, स्कूल-कॉलेज स्तर पर यातायात नियमों के प्रचार, सड़क सुरक्षा मित्रों की भागीदारी, हिट एंड रन मामलों में मुआवजा व्यवस्था और दुर्घटना पीड़ितों के कैशलेस उपचार योजना पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मंत्री श्री कश्यप ने बताया कि केंद्र सरकार की पहल पर छत्तीसगढ़ में कैशलेस उपचार योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
मंत्री कश्यप ने यह भी जानकारी दी कि राज्य में अब तक 8 ऑटोमेटेड फिटनेस सेंटर संचालित हो चुके हैं, जिससे वाहनों की तकनीकी जांच पारदर्शी और सटीक हो रही है। इस मामले में छत्तीसगढ़ देश में गुजरात के बाद दूसरे स्थान पर है। जल्द ही अन्य जिलों में भी नए फिटनेस सेंटर स्थापित किए जाएंगे।
बैठक में आरडीटीसी और डीटीसी भवनों के निर्माण को समय पर पूरा करने, मोटर व्हीकल अधिनियम में प्रस्तावित संशोधनों और ‘शून्य प्राणहानि जिला’ जैसे अभियानों पर भी विचार-विमर्श किया गया। मंत्री कश्यप ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार सुरक्षित, आधुनिक और अनुशासित परिवहन व्यवस्था विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
