कोरबा। छत्तीसगढ़ में पड़ रही भीषण गर्मी और लू का असर अब वन्यजीवों पर भी दिखने लगा है। कोरबा जिले में हीट स्ट्रोक के कारण सैकड़ों चमगादड़ों की मौत हो गई। बड़ी संख्या में चमगादड़ों के पेड़ों से गिरने की घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
मामला पाली विकासखंड के नौकोनिया तालाब क्षेत्र का है। यहां तालाब के आसपास लगे बड़े पेड़ों पर वर्षों से चमगादड़ों का बसेरा है। रविवार को अचानक पेड़ों पर लटके चमगादड़ जमीन पर गिरने लगे। ग्रामीण जब मौके पर पहुंचे तो बड़ी संख्या में चमगादड़ मृत पड़े मिले।
घटना के बाद गांव में दहशत और चिंता का माहौल बन गया। ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को दी। प्रारंभिक तौर पर माना जा रहा है कि तेज गर्मी और हीट स्ट्रोक के कारण चमगादड़ों की मौत हुई है। वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई है।
जानकारी के मुताबिक कोरबा जिले में तापमान लगातार 42 से 43 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच रहा है। नौतपा शुरू होने से पहले ही पड़ रही रिकॉर्ड तोड़ गर्मी से जनजीवन प्रभावित हो गया है। दोपहर के समय गर्म हवाओं और लू के थपेड़ों के कारण सड़कें सूनी नजर आ रही हैं।
भीषण गर्मी का असर लोगों की सेहत पर भी पड़ रहा है। अस्पतालों में डिहाइड्रेशन और लू से पीड़ित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। डॉक्टर लोगों को दोपहर में घर से बाहर नहीं निकलने, ज्यादा पानी पीने और धूप से बचाव की सलाह दे रहे हैं।
वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि चमगादड़ों की मौत के कारणों की जांच की जा रही है। हालांकि शुरुआती जांच में अत्यधिक गर्मी और हीट स्ट्रोक को मुख्य वजह माना जा रहा है।
