चुनाव बाद 22 राज्यों में SIR का अंतिम चरण शुरू, 39 करोड़ मतदाता होंगे शामिल

दिल्ली। देश में मतदाता सूची को और अधिक पारदर्शी व सटीक बनाने के लिए भारत निर्वाचन आयोग विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) का तीसरा और अंतिम चरण शुरू करने की तैयारी में है। यह प्रक्रिया इस महीने होने वाले पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के बाद शुरू हो सकती है। संभावना है कि यह अभियान 29 अप्रैल से या फिर 4 मई को चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद प्रारंभ किया जाएगा।

इस अंतिम चरण में दिल्ली सहित 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को शामिल किया जाएगा। अब तक SIR की प्रक्रिया 10 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में पूरी हो चुकी है। इस दौरान देश के लगभग 99 करोड़ मतदाताओं में से 60 करोड़ मतदाताओं के रिकॉर्ड का सत्यापन किया जा चुका है। शेष बचे 39 करोड़ मतदाता अब इस अंतिम चरण के दायरे में आएंगे।

चुनाव आयोग ने 19 फरवरी को सभी संबंधित राज्यों के मुख्य चुनाव अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि वे इस प्रक्रिया के लिए अपनी तैयारियां पूरी रखें। जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में यह कार्य होना है, उनमें आंध्र प्रदेश, हरियाणा, महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, दिल्ली, पंजाब, ओडिशा, तेलंगाना और उत्तराखंड समेत अन्य क्षेत्र शामिल हैं।

इस महीने केरल, असम, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव हो रहे हैं, जिनकी मतगणना 4 मई को होगी। इसके बाद ही आयोग इस बड़े अभियान को शुरू करने पर अंतिम निर्णय लेगा।

गौरतलब है कि पिछले साल जून में पूरे देश में SIR लागू करने का निर्णय लिया गया था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसकी समयसीमा में कई बार बदलाव हुआ। अब अंतिम चरण के साथ यह प्रक्रिया पूरी होने की उम्मीद है।

यह अभियान मतदाता सूची को अधिक शुद्ध, अद्यतन और विश्वसनीय बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे भविष्य के चुनावों की पारदर्शिता और निष्पक्षता मजबूत होगी।

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