ऑपरेशन स्वदेश: ईरान से भारतीयों की सुरक्षित वापसी शुरू

दिल्ली। ईरान में जारी सरकार विरोधी हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारत सरकार ने वहां फंसे नागरिकों को सुरक्षित वापस लाने के लिए ‘ऑपरेशन स्वदेश’ शुरू कर दिया है। इस अभियान के तहत पहली विशेष फ्लाइट आज तेहरान से नई दिल्ली के लिए रवाना होगी। ईरान में लगभग 10,000 भारतीय नागरिक हैं, जिनमें छात्र, कारोबारी और पेशेवर शामिल हैं। इनमें से 2,500-3,000 छात्र मेडिकल पढ़ाई के लिए वहां गए थे।
जम्मू-कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन (JKSA) ने बताया कि सभी छात्रों का रजिस्ट्रेशन पूरा हो चुका है और उनके पासपोर्ट भारतीय दूतावास ने जमा कर लिए हैं। पहले बैच में गोलेस्तान यूनिवर्सिटी, शाहिद बहेश्ती यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज और तेहरान यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज के छात्र शामिल होंगे। फाइनल लिस्ट देर रात तक जारी की जाएगी।
विदेश मंत्रालय ने ईरान में मौजूद सभी भारतीयों को सलाह दी है कि वे अपने पासपोर्ट, वीजा और अन्य जरूरी दस्तावेज हमेशा तैयार रखें। किसी आपात स्थिति में भारतीय दूतावास से संपर्क करने के लिए हेल्पलाइन नंबर और ईमेल जारी किए गए हैं। जो भारतीय नागरिक अभी तक रजिस्ट्रेशन नहीं करवा पाए हैं, वे MEA की वेबसाइट
पर जाकर पंजीकरण करा सकते हैं। इंटरनेट बाधा होने पर परिवार के सदस्य भी उनके लिए पंजीकरण कर सकते हैं।
विदेश मंत्री एस. जयशंकर और ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची के बीच बातचीत हुई, जिसमें ईरान की सुरक्षा स्थिति और भारतीय नागरिकों की सुरक्षा पर चर्चा की गई।
ईरान में पिछले महीने से शुरू हुए प्रदर्शन में अब तक 2,550 से अधिक लोगों की मौत की पुष्टि है। इसमें 2,403 प्रदर्शनकारी और 147 सरकारी कर्मी शामिल हैं। कुछ रिपोर्टों के अनुसार देशभर में मौतों की संख्या 12,000 तक हो सकती है।
इस अभियान का उद्देश्य छात्रों और अन्य नागरिकों को हिंसा और असुरक्षा से सुरक्षित निकालना है, ताकि वे भारत लौटकर सुरक्षित जीवन व्यतीत कर सकें।



